Gorakhpur: फास्ट टैग से टैक्स वसूली में गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद एनएचएआई ने गोरखपुर क्षेत्र के सभी 15 टोल प्लाजा की जांच शुरू कर दी है. यह जांच तकनीकी विंग द्वारा की जा रही है और इसमें गड़बड़ी पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
पिछले हफ्ते स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने देश और उत्तर प्रदेश के 42 टोल प्लाजा से टैक्स वसूलने में 120 करोड़ रुपये के घोटाले का खुलासा किया था. इसके बाद एनएचएआई हरकत में आई और उसने गोरखपुर-सोनौली मार्ग स्थित पीपीगंज के नयनसर टोल प्लाजा पर छापा मारा था. वहां से लैपटॉप व कुछ अन्य सामान जब्त किए गए थे.
- व्हाट्सएप फॉरवर्ड की पत्रकारिता से वास्तविक समाचार दूर: रत्नाकर सिंह
- पीएनबी मेटलाइफ का वो प्लान जो देता है कैशबैक, बीमा और पेंशन का धांसू विकल्प, नाम में यूं नहीं जुड़ा ‘सेंचुरी’
- गोरखपुर समाचार: आज की प्रमुख सुर्खियां: एक नजर में जानें गोरखपुर शहर की हर खबर
एनएचएआई के अफसरों ने गोरखपुर से अयोध्या के बीच तीन टोल प्लाजा पर भी जांच की है. गोरखपुर क्षेत्र में पड़ने वाले तेनुआ, नयनसर, शेरपुर चमरहा, भिटहा, बस्ती के चौकड़ी, मड़वानगर, कुशीनगर के सलेमगढ़, मुजहना सहित 15 टोल प्लाजा की जांच की जा रही है.
ऐसी चर्चा है कि टोल प्लाजा पर लगे कंप्यूटर में दूसरा साफ्टवेयर इंस्टाल कर टैक्स में गड़बड़ी की गई थी. एनएचएआई के परियोजना निदेशक के अनुसार टोल टैक्स वसूली में गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद जांच की गई है. हालांकि अभी तक कोई गड़बड़ी नहीं मिली है. तकनीकी विशेषज्ञों की भी मदद ली जाएगी. इस मामले में 15 टोल प्लाजा को नोटिस भेजा गया है.





