गोरखपुर: एम्स थाना क्षेत्र के सोनबरसा बाजार स्थित बेलवा खुर्द गांव के पास मंगलवार सुबह कुदरत और लापरवाही का दोहरा कहर देखने को मिला। घने कोहरे के बीच विजिबिलिटी कम होने से फोरलेन पर एक के बाद एक पांच गाड़ियां आपस में टकरा गईं। इस भीषण सड़क हादसे में दो बसों में सवार दर्जनों यात्रियों को चोटें आई हैं। घटना सुबह करीब 6:30 बजे की है, जिसके बाद फोरलेन पर करीब आधे घंटे तक वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना मिलते ही सोनबरसा चौकी पुलिस और एनएचआई की टीम ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाकर रास्ता साफ कराया।
हाईवे पर बिना सेफ्टी ब्रेकर खड़ा कंटेनर बना हादसे की जड़
सोनबरसा प्रतिनिधि के मुताबिक, बेलवा खुर्द गांव के पास फोरलेन पर पिछले चार दिनों से एक खराब इंजन वाला कंटेनर खड़ा था। एनएचआई विभाग की बड़ी लापरवाही यह रही कि इस खड़े ट्रक के पीछे कोई सेफ्टी ब्रेकर या चेतावनी संकेत नहीं लगाया गया था। मंगलवार सुबह करीब 6:30 बजे तेज कुहासे के कारण दिल्ली से बिहार जा रही एक प्राइवेट बस इस कंटेनर से सीधे जा टकराई। इस टक्कर के बाद हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई और यातायात बाधित हो गया, जिससे पीछे आने वाले वाहनों के लिए खतरा और बढ़ गया।
दो घंटे के भीतर 50 और 27 यात्रियों वाली बसें हुईं दुर्घटनाग्रस्त
हादसे का सिलसिला यहीं नहीं रुका, सुबह 8:30 बजे के करीब प्राइवेट बस के पीछे आ रहे एक ट्रक से गोरखपुर-पडरौना रूट की अनुबंधित बस टकरा गई। इसके ठीक पीछे आ रहा एक अन्य कंटेनर भी बस में जा घुसा। बताया जा रहा है कि दिल्ली से बिहार जा रही प्राइवेट बस में 50 यात्री और अनुबंधित बस में 27 यात्री सवार थे। गनीमत यह रही कि सभी गाड़ियों के चालक और खलासी सुरक्षित बच गए, लेकिन बस में सवार दर्जनों यात्रियों को हल्की चोटें आई हैं, जिन्हें स्थानीय स्तर पर प्राथमिक उपचार दिया गया।
पुलिस और एनएचआई ने क्रेन की मदद से खुलवाया जाम
दुर्घटना के बाद फोरलेन पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया था, जिसे बहाल करने के लिए सोनबरसा चौकी की पुलिस ने युद्धस्तर पर काम किया। पुलिस ने एनएचआई की क्रेन बुलाकर दुर्घटनाग्रस्त बसों और कंटेनरों को सड़क किनारे कराया। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद गाड़ियों का आवागमन सुचारू रूप से बहाल हो सका। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर एनएचआई ने समय रहते सड़क पर खड़े खराब कंटेनर को हटवा दिया होता या सुरक्षा के इंतजाम किए होते, तो इस बड़े हादसे को टाला जा सकता था।