गोरखपुर: बेतियाहाता स्थित सपा कार्यालय पर शनिवार को दोहरी गहमागहमी रही। यहाँ सावित्रीबाई फुले की जयंती मनाने के साथ ही जिला कार्यकारिणी की अहम बैठक संपन्न हुई। जिलाध्यक्ष ब्रजेश कुमार गौतम की अध्यक्षता में नेताओं ने फुले के चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया और उनके संघर्षों को याद करते हुए आगामी चुनावों के लिए हुंकार भरी।
6 जनवरी तक ‘हाई अलर्ट’ पर रहेंगे बूथ स्तर के कार्यकर्ता
बैठक का सबसे अहम एजेंडा मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) रहा। जिलाध्यक्ष ने सभी समाजवादियों को निर्देश दिया कि वे 6 जनवरी तक विशेष रूप से चौकन्ने रहें। यह तारीख मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए महत्वपूर्ण है। बूथ कमेटियों को निर्देश दिया गया है कि जिन लोगों का नाम लिस्ट से गायब है, उन्हें तुरंत शामिल कराया जाए, क्योंकि यही 2027 की जीत की नींव होगी।
‘खाद और बीज के संकट से जूझ रहा है प्रदेश का अन्नदाता’
भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए वक्ताओं ने जमीनी मुद्दों को उठाया। बैठक में विशेष रूप से हाईलाइट किया गया कि मौजूदा सरकार में किसानों को समय पर खाद और बीज नहीं मिल रहा है, जिससे खेती चौपट हो रही है। नेताओं ने आरोप लगाया कि नौजवानों को रोजगार देने के बजाय सरकार ने सिर्फ झूठे वादे किए हैं, जिससे हर वर्ग त्रस्त हो चुका है।
2027 में होगा ऐतिहासिक सत्ता परिवर्तन
सावित्रीबाई फुले के जीवन से प्रेरणा लेते हुए वक्ताओं ने कहा कि जिस तरह उन्होंने प्रतिकूलताओं में शिक्षा की अलख जगाई, वैसे ही कार्यकर्ता जनता के बीच अलख जगाएंगे। नेताओं ने दावा किया कि जनता अब आशा भरी नजरों से समाजवादी पार्टी की ओर देख रही है। संकल्प लिया गया कि मानवीय संवेदना और अटूट संघर्ष के दम पर 2027 में भाजपा को सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।