Gorakhpur: रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा रेल संपत्ति की सुरक्षा, अवैध सामानों की धर-पकड़, आरक्षित टिकटों के अवैध कारोबार की रोकथाम के साथ-साथ यात्रियों को सुरक्षा प्रदान करने का निरंतर प्रयास किया जा रहा है. इसी क्रम में आरपीएफ ने कई यात्रियों की मदद की और लावारिस बच्चों को सहारा भी दिया.
लावारिस बच्चों को मिला आश्रय
27 जनवरी को आरपीएफ पोस्ट गोरखपुर को गाड़ी संख्या 22550 में 16 साल की एक लड़की डरी-सहमी हालत में मिली. वहीं, गाड़ी संख्या 15707 में 13 और 16 साल के दो लड़के लावारिस हालत में मिले. पूछताछ के बाद लड़की और लड़कों को चाइल्ड लाइन गोरखपुर को सौंप दिया गया.
बीमार यात्रियों की मदद
27 जनवरी को आरपीएफ पोस्ट छपरा को गाड़ी संख्या 15084 में 24 साल का एक बीमार यात्री मिला. उसे प्राथमिक उपचार के बाद सदर अस्पताल छपरा में भर्ती कराया गया. महाकुंभ में स्नान करने आई 72 साल की एक महिला श्रद्धालु को पैर में असहनीय दर्द होने पर रैपिड ऐक्शन टीम और आरपीएफ प्रयागराज रामबाग ने व्हीलचेयर की मदद से मेडिकल हेल्थ बूथ ले जाकर प्राथमिक उपचार कराया.
- गोरखपुर समाचार: आज की प्रमुख सुर्खियां: एक नजर में जानें गोरखपुर शहर की हर खबर
- गोरखपुर समाचार: आज की प्रमुख सुर्खियां: एक नजर में जानें गोरखपुर शहर की हर खबर
- गोरखपुर रेलवे स्कूल एडमिशन 2026: जटेपुर स्कूल में कक्षा 6, 9 और 11 के लिए फॉर्म मिलना शुरू
महाकुंभ में श्रद्धालुओं को सहायता
27 जनवरी को ही रैपिड एक्शन टीम और आरपीएफ प्रयागराज रामबाग ने महाकुंभ में स्नान करने आए 65 और 55 साल के दो श्रद्धालुओं की मदद की, जिन्हें अचानक चक्कर आने के कारण वे गिर गए थे. दोनों श्रद्धालुओं को व्हीलचेयर की मदद से मेडिकल हेल्थ बूथ पर ले जाकर प्राथमिक उपचार कराया गया. 27 जनवरी को रैपिड एक्शन टीम और आरपीएफ प्रयागराज रामबाग को प्लेटफार्म संख्या 2 पर 30 साल का एक श्रद्धालु यात्री बेहोशी की हालत में मिला. उसे प्राथमिक चिकित्सालय झूसी में भर्ती कराया गया.