गोरखपुर: जुबली इंटर कॉलेज के मैदान पर मंगलवार को ‘गोरखपुर सिंधी प्रीमियर लीग’ (GSPL) के सातवें सीजन का भव्य समापन हुआ। विधान परिषद सदस्य डॉ. धर्मेंद्र सिंह और भाजपा नेता राजेश गुप्ता की मौजूदगी में हुए इस फाइनल मुकाबले में खिलाड़ियों के कौशल और सिंधी समाज की एकजुटता ने नया इतिहास रच दिया।
सूरजकुंड की ‘माखन भोग’ टीम ने जीता महिला वर्ग का खिताब
महिला वर्ग के रोमांचक फाइनल मुकाबले में सूरजकुंड की ‘माखन भोग’ टीम ने अपने बेहतरीन तालमेल से सबको हैरान कर दिया। टीम ने मैदान पर उत्कृष्ट खेल कौशल का परिचय देते हुए ‘स्वर्ण सागा’ को शिकस्त दी और स्वर्णिम ट्रॉफी अपने नाम की। इस जीत ने महिला खिलाड़ियों के अनुशासन और सामूहिक प्रयास को नई पहचान दी है।
पुरुषों के फाइनल में गोरखपुर को मात देकर अयोध्या बनी विजेता
पुरुषों के वर्ग में गोरखपुर और अयोध्या की टीमों के बीच खेला गया मुकाबला रोमांच की पराकाष्ठा पर पहुंच गया। अंतिम ओवर तक चले इस सांस रोक देने वाले संघर्ष में अयोध्या की टीम ने घरेलू टीम गोरखपुर को हराकर चैंपियन का गौरव प्राप्त किया। दोनों टीमों के बीच हुई इस कड़ी टक्कर ने खेल प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
देवा केसवानी के नेतृत्व में संगठित हुआ पूरा सिंधी समाज
इस विराट आयोजन की सफलता के पीछे महामंत्री देवा केसवानी का कुशल नेतृत्व और दूरदर्शी प्रबंधन रहा। उन्होंने इस खेल प्रतियोगिता को केवल मनोरंजन तक सीमित न रखकर सामाजिक समरसता और युवाशक्ति के एक सशक्त मंच में तब्दील कर दिया। डॉ. धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को सकारात्मक दिशा देने का बेहतरीन माध्यम हैं।